राजनीतिक सिद्धांत एक परिचय || Rajnitik Siddhant ek parichay class 11 notes in Hindi

राजनीतिक सिद्धांत एक परिचय इसके अंतर्गत हम निम्नलिखित महत्वपूर्ण बिंदुओं के जरिए यह समझ सकते हैं कि राजनीतिक सिद्धांत क्या होते हैं, राजनीतिक क्या है, राजनीतिक सिद्धांत में हम क्या-क्या पढ़ते हैं, राजनीतिक सिद्धांत को हम व्यवहार में कैसे उतरते है, राजनीतिक सिद्धांत का अध्ययन हमें क्यों करना चाहिए, राजनीति एवं राजनीतिक सिद्धांत में क्या … Read more

मौलिक अधिकार और नीति निर्देशक तत्वों में संबंध

मौलिक अधिकार और नीति निर्देशक तत्वों में संबंध भारतीय संविधान जो की 26 जनवरी, 1950 को संपूर्ण भारत वर्ष में लागू कर दिया गया था मौलिक अधिकारों और राज्य के नीति निर्देशक तत्वों यह दो महत्वपूर्ण स्तंभ आधारित है मौलिक अधिकार नागरिकों को राज्य के विरुद्ध कुछ अनुचित आचरण से बचने के लिए प्रदान किए … Read more

भारतीय संविधान में मौलिक अधिकार || मौलिक अधिकार के प्रकार

भारतीय संविधान में मौलिक अधिकार मौलिक अधिकारों से तात्पर्य है ऐसे अधिकार जो लोगों को जीवन के लिए अति आवश्यक या मौलिक समझ जाते हैं उन्हें मौलिक या मूल अधिकार कहा जाता है |1928 में मोतीलाल नेहरू समिति ने भी अधिकारों के लिए घोषणा पत्र की मांग उठाई थी ,जो की स्वतंत्रता के बाद इन … Read more

मौलिक अधिकारों का अर्थ, महत्व और अधिकारों का घोषणा पत्र

मौलिक अधिकारों का अर्थ – मौलिक अधिकारों से तात्पर्य है सामाजिक जीवन की वह परिस्थितियां जिनके बिना कोई भी व्यक्ति अपना विकास नहीं कर सकता अर्थात अधिकार वह हक है जो एक आदमी को जीवन जीने के लिए चाहिए जिसकी वह मांग करता है,साथ ही कानून द्वारा प्रदत्त सुविधाएं उन अधिकारों की रक्षा करती है … Read more

भारतीय संविधान क्यों और कैसे || bhartiya samvidhan kyu or kaise

भारतीय संविधान क्या है ? भारतीय संविधान कैसे बना विभिन्न देशों के संविधानों से हमने क्या-क्या प्रावधान लिए आदि को निम्नलिखित बिंदुओं में देखा जा सकता है – जनता की विशिष्ट आकांक्षाओं को पूरा करने का साधन | राजनीतिक प्रक्रिया के मूल ढांचे का निर्धारक होना | सरकार और जनता के बीच संबंधों का विनियमन … Read more

राज्यों का पुनर्गठन || reorganisation of states in India

राज्यों का पुनर्गठन Reorganisation of States in India राज्यों का पुनर्गठन औपनिवेशिक शासन के समय प्रति का गठन प्रशासनिक सुविधा के अनुसार किया गया था लेकिन स्वतंत्र भारत में भाषा और सांस्कृतिक बहुलता के आधार पर राज्यों का पुनर्गठन की मांग हुई थी | राज्यों के पुनर्गठन को निम्नलिखित बिंदुओं के आधार पर देखा जा … Read more